इस पोस्ट में हम उत्तानपादासन की चर्चा करेंगे , यह आसन पेट की चर्बी कम करने और शुगर लेवल कंट्रोल करने के लिए रामबाण है। जानें इसकी सही विधि और वैज्ञानिक महत्व।
परिचय (Introduction)
'उत्तानपादासन' दो शब्दों के मेल से बना है— 'उत्तान' (ऊपर उठा हुआ) और 'पाद' (पैर)। जैसा कि नाम से स्पष्ट है, इस आसन में पीठ के बल लेटकर पैरों को एक निश्चित कोण पर ऊपर उठाया जाता है। यह आसन न केवल शारीरिक शक्ति बढ़ाता है, बल्कि हमारे आंतरिक अंगों की कार्यप्रणाली को भी सुचारू करता है।
अभ्यास की विधि (Method)
प्रारंभिक स्थिति: स्वच्छ वातावरण में योगा मैट या दरी पर पीठ के बल सीधे लेट जाएं। हाथों को शरीर के बगल में रखें। धीरे-धीरे लम्बी गहरी श्वास भरें और छोड़ें ,इसे 3 बार दोहराएँ। शरीर को सामान्य बनाएँ। तनाव मुक्त करें।
श्वास प्रक्रिया: गहरी श्वास भरते हुए दोनों पैरों को धीरे-धीरे ऊपर उठाएं।
कोण (Angle): पैरों को जमीन से 15,30 या 60 डिग्री के कोण पर ले जाएं। घुटने मुड़ने नहीं चाहिए।
कुंभक: अपनी क्षमतानुसार श्वास को रोककर (या सामान्य रखते हुए) 30-60 सेकंड तक इसी स्थिति में रहें।
वापसी: श्वास छोड़ते हुए पैरों को धीरे-धीरे वापस जमीन पर लाएं और विश्राम करें। गहरी श्वास भरें और छोड़ें। शरीर को रिलैक्स करें।
वैज्ञानिक विवेचन: वजन घटाने और डायबिटीज में उपयोगिता
1. वजन घटाने (Weight Loss) में भूमिका
जब हम पैरों को हवा में स्थिर रखते हैं, तो गुरुत्वाकर्षण के विरुद्ध Rectus Abdominis (पेट की मांसपेशियां) और Core Muscles पर तीव्र दबाव पड़ता है।
Isotonic Contraction: इस खिंचाव से पेट की अतिरिक्त चर्बी (Belly Fat) बर्न होती है।
Metabolism: यह जठराग्नि को तीव्र करता है, जिससे मेटाबॉलिज्म बढ़ता है और कैलोरी तेजी से खर्च होती है।
2. डायबिटीज (Diabetes) में लाभ
वैज्ञानिक दृष्टि से, उत्तानपादासन Intra-abdominal Pressure (आंतरिक उदर दबाव) पैदा करता है।
Pancreas Stimulation: यह दबाव सीधे 'पैनक्रियाज' (अग्न्याशय) पर पड़ता है, जिससे इंसुलिन का उत्पादन करने वाली 'बीटा कोशिकाएं' सक्रिय होती हैं।
Hormonal Balance: नियमित अभ्यास से रक्त में ग्लूकोज का स्तर संतुलित रहता है, जो टाइप-2 डायबिटीज के प्रबंधन में अत्यंत प्रभावी है।
प्रमुख लाभ (Key Benefits)
पाचन में सुधार: कब्ज, गैस और अपच जैसी समस्याओं को जड़ से खत्म करता है।
नाभि चक्र: यह आसन खिसकी हुई नाभि (धरण) को अपनी जगह पर लाने में सहायक है।
पीठ और कमर: रीढ़ की हड्डी के निचले हिस्से को मजबूती प्रदान करता है।
सावधानियां (Precautions)
कमर दर्द: यदि स्लिप डिस्क या गंभीर साइटिका हो, तो इसे विशेषज्ञ की सलाह के बिना न करें।
गर्भावस्था: गर्भवती महिलाओं को यह आसन वर्जित है।
सर्जरी: पेट की हालिया सर्जरी (6 महीने के भीतर) होने पर इसे न दोहराएं।
उच्च रक्तचाप: हाई बीपी के मरीज पैरों को बहुत देर तक हवा में न रोकें।
उत्तानपादासन (Raised Leg Pose) - अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1. उत्तानपादासन क्या है?
उत्तर- यह एक योगाभ्यास है जिसमें पीठ के बल लेटकर पैरों को एक
निश्चित कोण (30, 60 या 90 डिग्री) तक ऊपर उठाया जाता है। यह मुख्य रूप से नाभि चक्र (Navel Center) और पेट के अंगों पर काम
करता है।
2. क्या उत्तानपादासन मधुमेह (Diabetes) को नियंत्रित करने में मदद करता है?
उत्तर- हाँ, बिल्कुल। इस
आसन को करने से पेट के आंतरिक अंगों, विशेष रूप से अग्न्याशय (Pancreas) पर दबाव पड़ता
है, जिससे इंसुलिन के उत्पादन
में सुधार होता है और शुगर लेवल नियंत्रित रहता है।
3. इस आसन को कितनी देर तक करना चाहिए?
उत्तर- शुरुआत में आप पैरों को 10 से 30 सेकंड तक हवा में रोककर रख सकते हैं। धीरे-धीरे अभ्यास बढ़ने पर
इसे 1 मिनट तक ले जाया जा सकता
है। इसे 3-5 बार दोहराना फायदेमंद होता
है।
4. उत्तानपादासन के मुख्य लाभ क्या हैं?
उत्तर -
- पेट की
चर्बी (Belly Fat) कम करने
में सहायक।
- पाचन
शक्ति को बढ़ाता है और कब्ज दूर करता है।
- नाभि के
खिसकने (Navel Displacement) की समस्या
को ठीक करता है।
- कमर और
जांघों की मांसपेशियों को मजबूती देता है।
5. किसे उत्तानपादासन नहीं करना चाहिए? (सावधानियां)
उत्तर
- जिन लोगों
को गंभीर कमर
दर्द या स्लिप डिस्क की समस्या
हो।
- उच्च
रक्तचाप (High BP) के मरीजों
को इसे सावधानी से करना चाहिए।
- गर्भवती
महिलाओं और पेट के हालिया ऑपरेशन वाले व्यक्तियों को इससे बचना चाहिए।
- हर्निया
के रोगियों को यह आसन बिना विशेषज्ञ की सलाह के नहीं करना चाहिए।
6. क्या इसे खाली पेट करना जरूरी है?
उत्तर- जी हाँ, किसी भी योगासन की तरह उत्तानपादासन का पूरा लाभ उठाने के लिए इसे सुबह खाली पेट करना सबसे अच्छा होता है।
निष्कर्ष: उत्तानपादासन एक सरल लेकिन शक्तिशाली अभ्यास है। यदि आप अपनी दिनचर्या में प्रतिदिन 5-10 मिनट इसे शामिल करते हैं, तो यह न केवल आपके शुगर लेवल को नियंत्रित रखेगा बल्कि आपको एक 'फिट' और 'लीन' बॉडी भी प्रदान करेगा।
उत्तानपादासन के विषय में यदि आप को और जानकारी चाहिए तो कमेंट करें।
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